वल्लरी पादप

ऐसे पादप जिनका तना अत्यन्त कोमल होता है; सीधे खड़े नहीं रह सकते है; जमीन पर ही रेंगकर क्षैतिज दिशा में वृद्धि करते हैं एवं काफी जगह घेरते है, वल्लरी पादप कहलाते है। इनमें आरोही पौधों के समान प्रतान नहीं पाए जाते हैं। खरबूजा, तरबूज, कद्दू, दूब घास, पोदीना आदि वल्लरी पादपों के उदाहरण है।